भारतीय वायुसेना के गोल्डन ऐरो बेड़े में जल्द शामिल होंगी पहली महिला पायलट

जल्द ही भारत की बेटियां राफेल (Rafale aircraft) उड़ाएंगी। वायुसेना (Indian Air Force) ने इस दिशा में काम करना शुरू कर दिया है। एक महिला लड़ाकू पायलट जल्‍द ही वायुसेना की गोल्डन ऐर

यदि सबकुछ योजना के मुताबिक चला तो जल्द ही देश की बेटियां राफेल विमानों को उड़ाती नजर आएंगी। वायुसेना की एक महिला लड़ाकू पायलट ‘गोल्डन ऐरो’ (Golden Arrows) स्क्वाड्रन में शामिल होगी। हाल ही में इस स्क्वाड्रन में राफेल विमानों को शामिल किया गया है। सूत्रों ने सोमवार को बताया कि यह महिला पायलट राफेल विमान (Rafale aircraft) उड़ाने की ट्रेनिंग ले रही हैं। इससे पहले वह मिग-21 लड़ाकू विमान उड़ाती रही है। महिला पायलट को राफेल फ्लीट (Rafale fleet) के लिए आंतरिक चयन प्रक्रिया द्वारा चुना गया है।

केंद्र सरकार ने बीते शनिवार को राज्‍य सभा में बताया था कि पहली सितंबर 2020 तक भारतीय वायु सेना में महिला अधिकारियों की संख्या 1,875 हो गई है। इनमें से 10 महिला अधिकारी फाइटर पायलट हैं जबकि 18 महिला अधिकारी नेविगेटर हैं। रक्षा राज्य मंत्री श्रीपद नाइक ने संसद में कहा था कि वायुसेना में रणनीतिक आवश्यकताओं को देखते हुए महिला लड़ाकू पायलटों को शामिल और तैनात किया गया है। पिछले साल 10 सितंबर को वायुसेना की ‘गोल्डन ऐरो’ (Golden Arrows) स्क्वाड्रन का पुनर्गठन किया गया था।

केंद्रीय मंत्री (Shripad Naik) ने एक सवाल के लिखित जवाब में बताया था कि महिला अधिकारियों को फाइटर पायलट के रूप में शामिल करने के लिए भारतीय वायुसेना ने मंत्रालय को प्रस्ताव दिया था। मंत्रालय के अनुमोदन के बाद भारतीय वायु सेना ने 2016 में फाइटर फ्लाइंग ब्रांच में महिला SSC अधिकारियों की भर्ती लिए योजना शुरू की जिसके तहत अब तक 10 महिला फाइटर पायलटों की नियुक्ति की गई है।